उत्तराखंड
भगवान श्री मदमहेश्वर की विग्रह देवडोली सभामंडप में विराजी
द्वितीय केदार श्री मदमहेश्वर के कपाट खुलने की प्रक्रिया शुरू

शुक्रवार को भी भगवान श्री मदमहेश्वर जी चल विग्रह उत्सव डोली शीतकालीन गद्दी स्थल ओकारेश्वर मन्दिर ऊखीमठ मंदिर सभामंडप में ही दर्शनार्थ विराजमान रहेगी। इस अवसर पर मदमहेश्वर धाम के पुजारी टी गंगाधर लिंग,देवरा प्रभारी यदुवीर पुष्पवान, डोली प्रभारी मनीश तिवारी, पुजारी बागेश लिंग, ओंकारेश्वर मंदिर प्रभारी रमेश नेगी, दीपक पंवार,दफेदार विदेश शैव, मुकुंदी पंवार,सूरज नेगी सहित पंचगौंडारी/उनियारा/रांसी के हकहकूकधारी तीर्थपुरोहित तथा श्रद्धालुजन मौजूद रहे। कल भी पूजा- अर्चना एवं नये अनाज का भोग लगाकर सर्वकल्याण की कामना की जायेगी।
बीकेटीसी मीडिया प्रभारी डा. हरीश गौड़ बताया कि 18 मई को सुबह के समय भगवान मदमहेश्वर जी की चल विग्रह डोली तथा देव निशान शीतकालीन गद्दी स्थल श्री ओकारेश्वर मन्दिर से श्री राकेश्वरी मंदिर रांसी रात्रि विश्राम को पहुंचेगी। 19 मई को श्री राकेश्वरी मंदिर रांसी से प्रवास के लिए दूसरे पड़ाव गोंडार गांव पहुंचेगी। 20 मई सुबह श्री मदमहेश्वर जी की चल विग्रह डोली गोंडार से श्री मदमहेश्वर धाम पहुंचेगी। पूर्वाह्न शुभ लग्न में सवा ग्यारह बजे श्री मदमहेश्वर जी के कपाट खुलेंगे।



